Thursday, January 27, 2011

' मुंबई '' में भी " ताजमहल " बना देते



'गुलाब' को कमल बना देते, 




'गीत' को गजल बना देते, 




क्या करे कोई "प्यार" नहीं करता हमसे 






वर्ना '' मुंबई '' में भी " ताजमहल " बना देते.






अब पंजीकृत करे इनके द्वारा :
RSS Email Twitter Facebook SMS

No comments:

Post a Comment

Translate